लखनऊ में बोगनवेलिया उत्सव का समापन:51 लोग सम्मानित, राज्यपाल बोलीं- गर्मी में आंखों को ठंड पहुंचाने वाला फूल
लखनऊ के सीएसआईआर-एनबीआरआई में लगे बोगनवेलिया उत्सव का समापन हुआ। दो दिवसीय कार्यक्रम के अंतिम दिन राज्यपाल शामिल हुई विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए। इस अवसर पर सभी विजेताओं को बधाई देते हुए डॉ. ए. के. शासनी, निदेशक, CSIR-NBRI ने प्रदर्शनी में हिस्सा लेने वालों को धन्यवाद दिया। उन्होंने बताया कि उत्सव के दौरान सीएसआईआर फ्लोरीकल्चर मिशन के अंतर्गत संस्थान द्वारा की जा रही विभिन्न फूलों का भी प्रदर्शन किया गया। बोगनवेलिया के नई किस्मों का विकास ए. के. शासनी ने बताया कि संस्थान पिछले कई वर्षों से बोगनवेलिया पर कार्य कर रहा है। भारत में बोगनवेलिया के प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। CSIR-NBRI नई बोगनवेलिया किस्मों के विकास तथा इसे आम जनमानस में लोकप्रिय बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस पर काम करने से हमें लगातार सकारात्मक परिणाम मिल रहे हैं जिससे हम लोगों की ऊर्जा और बढ़ रही है। 51 लोगों को मिला पुरस्कार डॉ. के. जे. सिंह ने बताया कि इस उत्सव को लखनऊवासियों से बहुत प्यार और सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। प्रदर्शनी का हिस्सा बने लोगों ने बोगनवेलिया पौधों की खूब जमकर खरीदारी किया , इस उ
लखनऊ के सीएसआईआर-एनबीआरआई में लगे बोगनवेलिया उत्सव का समापन हुआ। दो दिवसीय कार्यक्रम के अंतिम दिन राज्यपाल शामिल हुई विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए। इस अवसर पर सभी विजेताओं को बधाई देते हुए डॉ. ए. के. शासनी, निदेशक, CSIR-NBRI ने प्रदर्शनी में हिस्सा लेने वालों को धन्यवाद दिया। उन्होंने बताया कि उत्सव के दौरान सीएसआईआर फ्लोरीकल्चर मिशन के अंतर्गत संस्थान द्वारा की जा रही विभिन्न फूलों का भी प्रदर्शन किया गया। बोगनवेलिया के नई किस्मों का विकास ए. के. शासनी ने बताया कि संस्थान पिछले कई वर्षों से बोगनवेलिया पर कार्य कर रहा है। भारत में बोगनवेलिया के प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। CSIR-NBRI नई बोगनवेलिया किस्मों के विकास तथा इसे आम जनमानस में लोकप्रिय बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस पर काम करने से हमें लगातार सकारात्मक परिणाम मिल रहे हैं जिससे हम लोगों की ऊर्जा और बढ़ रही है। 51 लोगों को मिला पुरस्कार डॉ. के. जे. सिंह ने बताया कि इस उत्सव को लखनऊवासियों से बहुत प्यार और सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। प्रदर्शनी का हिस्सा बने लोगों ने बोगनवेलिया पौधों की खूब जमकर खरीदारी किया , इस उत्सव में ये भी आकर्षण का केंद्र रहा। उत्सव में शहर के सरकारी विभागों, नर्सरियों, संस्थानों तथा बागवानी प्रेमियों ने बहुत ही जोशीले अंदाज में हिस्सा लिया। विभिन्न प्रतियोगिताओं में कुल 51 पुरस्कार प्रदान किए गए, जिनमें 20 प्रथम पुरस्कार, 17 द्वितीय पुरस्कार तथा 14 तृतीय पुरस्कार शामिल हैं। ‘बोगेनविलिया आँखों को सुख देने फूल’ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अपने संबोधन में प्रदर्शनी के आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा कि बोगेनविलिया एक गर्मी के मौसम में आँखों को सुख देने वाला पुष्पीय पौधा है | उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि हम प्रकृति के उपहार और सौंदर्य को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। पेड़ पौधे सिर्फ सुंदरता ही नहीं बल्कि किसानों की आजीविका बढ़ाने में भी योगदान दे रहे हैं | ऐसे आयोजन किसानों को नवीनतम शोध, किस्मों और कृषि तकनीक से परिचय कराता है | पुष्प कृषि मिशन के माध्यम से किसानों को लाभ देने के लिए उन्होंने वैज्ञानिकों को बधाई दी। सरकार द्वारा किसानों के लाभ के लिए उठाये जा रहे कदम की सराहना की।